दुर्ग। जिला एवं सत्र न्यायालय दुर्ग में इन दिनों फर्जी ऋण पुस्तिका से जामनत लेने का खेल जोरो से चल रहा है। एक सप्ताह के भीतर दुर्ग कोतवाली ऐसे दो मामलों में एफआईआर दर्ज की है। ताजा मामले में जिला न्यायालय दुर्ग में सहायक ग्रेड 3 क्रिमिनल रीडर चिराग शर्मा की शिकायत पर दुर्ग कोतवाली ने जमानतदार सरोज साहू पर धारा 420 के तहत अपराध दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
घटना की शिकायत करते हुए चिराग शर्मा ने पुलिस को बताया कि वे न्यायिक मजिस्रेारट प्रथम श्रेणी दुर्ग पायल टोपनो की अदालत में पदस्थ हैं। उन्होंने बताया कि न्यायालय के दाडिंक प्रकरण क्रमांक 2969/14 मसर्स आकाश हाउस विरूद्ध जोगेश्वर राज सिन्हा के मामले में अभियुक्त ओगेश्वर राज सिन्हा की ओर से जमानतदार सरोज साहू (38) निवासी ग्राम नगपुरा थाना पुलगांव द्वारा प्रस्तुत किसान किताब क्रमांक 3415319 को प्रस्तुत किया गया है।
उक्त जमानतदार द्वारा इसी न्यायालय के अन्य प्रकरण क्रमांक 32282/18 शासन विरूद्ध वीएस गुरलू धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट तथा प्रकरण क्रमांक 6751/14 श्रीराम ट्रासंपोर्ट फायनेंस विरूद्ध शशी गेंण्ड्रे धारा 138 एनआई एक्ट में किसान किताब क्रमांक 3415319 के माध्यम से जमानत ली गई है। परंतु उक्त किसान किताब में पूर्व के जमानत का कोई उल्लेख नही है। साथ ही प्रस्तुत किसान किताब में तहसीलदार दुर्ग से जमानतदार को कोई डुप्लीकेट अथवा नवीन किसान किताब जारी किये जाने का कोई प्रमाण नही है। जमानतदार सरोज साहू द्वारा दस्तावेज में कूटरचना किया जाना पाया गया। इस मामले में शिकायत के बाद दुर्ग कोतवाली पुलिस ने सरोज साहू के खिलाफ धारा 420 के तहत अपराध दर्ज कर लिया है।




